जब हनुमान बन ज़मीन को संजीवनी बूटी की तरह दूसरी जगह ले गया टी एच डी सी,,!देहरादून,!
स संपादक शिवाकांत पाठक,,
( यशस्वी मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी से आम जन मानस की मांग,,, पुनर्वास पट्टा घोटाला की सी बी आई जाँच हो,,)
आपने सुना होगा कि हमारे देश में जिन्दा लोंगो को प्रशासन द्वारा कागजो में मृत घोषित कर दिया जाता है, फिर वे एड़ी से चोटी तक भी जोर लगा लें लेकिन उन्हें खुद को जिन्दा साबित करना बेहद मुश्किल क़ाम होता है,,
ठीक उसी तरह से एक हैरत अंगेज करनामा कोंग्रेसी मानसिकता के प्रॉपर्टी डीलर के इशारे पर टी एच डी सी के जिम्मेदार कर्मियों ने कर दिखाया सबसे पहले तो उनके साहस उनके जज्बे को नमन करता हूँ जिन्होने वर्तमान सरकार द्वारा चलाई जा रही मुहिम सबका साथ सबका विकास जैसी सराहनीय पहल पर प्रश्न चिन्ह लगाते हुए सरकारी कर्मचारी होने पर भी ऐसा दुस्साहस किया,,
( दुस्साहस 👇 )
कोंग्रेसी प्रॉपर्टी डीलर निवासी ज्वालापुर वर्तमान ऑफिस नवोदय नगर,, के इशारे पर रामचंद्र नौटियाल के नाम एक पट्टे का आवंटन टिहरी पुनर्वास द्वारा किया गया,, और एक किसान की पैतृक कृषि भूमि पर डीलर द्वारा पुनर्वास विभाग से जारी नोटिस उस किसान की ज़मीन पर बने मकान पर अपने साथियो के साथ जाकर चस्पा किया गया जिसका विडिओ सुरक्षित है,, उपरोक्त नोटिस में 58 ए का जिक्र करते हुए मकान को अवैध अतिक्रमण बताया और नोटिस की प्रति कोतवाली सिडकुल को भी दर्शाया गया,, सिडकुल थाने से उसी समय प्राप्त जानकारी के अनुसार इस प्रकार का क़ोई नोटिस वहां नहीं पंहुचा था साथ ही 58ए की विस्तार में जानकारी प्राप्त करने पर पता चला कि खसरा नम्बर 421 और 399 में पट्टे का आवंटन रामचंद्र नौटियाल के नाम हुआ है,, रामचंद्र नौटियाल नाम का व्यक्ति आज तक मौके पर नहीं दिखा व्यक्ति है भी या नहीं यह भविष्य में स्पष्ट होगा,,
इस पूरे मामले की शिकायत पीड़ित पक्ष द्वारा जिलाधिकारी हरिद्वार श्री मयूर दीक्षित,, टिहरी डी एम एवम नोटिस जारी कर्ता अधिकारी को भेजी जिसमें भारतीय डाक संचार द्वारा लिखित रूप से अवगत कराया गया कि नोटिस जारी कर्ता अधिकारी के पद पर वहां क़ोई भी नहीं है,,
टी एच डी सी की टीम द्वारा लेखपाल सलेमपुर प्रथम के साथ पैमाइस किये जाने पर उपरोक्त ज़मीन 421,या 399 नहीं पाई गई,, साथ ही रामचंद्र नौटियाल द्वारा उपरोक्त पट्टे की पैमाइस हेतु भी जोर न दिया जाना तमाम सवालों को जन्म देता है,,
तदोपरान्त पुन: उपरोक्त प्रॉपर्टी डीलर की शय पर एक लिखित पत्र तहसीलदार हरिद्वार को इस आशय से भेजा गया कि अब वह मकान जो जो कृषक कि पैतृक भूमि पर पहले खसरा नम्बर 421,, और 399में था अब 390 में आ गया है इसलिए इसकी पैमाइस होना आवश्यक है,, आपको बताते चले की उपरोक्त भूमि की पैमाइस निवर्तमान पटवारी देवेश घिड़ियाल ज़ी कर चुके है साथ ही ए डी एम हरिद्वार राजस्व के पास लिखित रूप से साक्ष्य हैँ,, और आज वही भूमि एक कोंग्रेसी मानसिकता के व्यक्ति जिसके पीछे छुटभईया लोगो का वरद हस्त है,, 421,,399,390 में लिखित रूप से दर्शाया जाना सिस्टम की लापरवाही पर बहुत बड़े सवाल खड़े कर रहा है,,
मानव दल के राष्ट्रीय संरक्षक,, भीम आर्मी के जिला अध्यक्ष एवम पत्रकार योग कल्याण समिति के प्रदेश अध्यक्ष ने सी एम पुष्कर सिंह धामी ज़ी से मांग की है कि पुनर्वास विभाग द्वारा किये गये पट्टों के आवंटन और पट्टा धारको के कब्जो कि विस्तृत जाँच कराएं ताकि पारर्षिता की झलक स्पष्ट हो सके,, साथ ही इस मुद्दे को उठाने वाले लोगों पत्रकारों की सुरक्षा हेतु समुचित कदम उठाएं जाएँ,,!




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